लखनऊ। उप्र की राजधानी गोलियों की थर्राहट से थर्रा उठी। अजीत सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि दोनों तरफ से कुल 25 से 30 राउंड गोली चली है। गोलीबारी के कारण दुकानों के शटर धड़ाधड़ गिरने लगे। अजीत सिंह आजमगढ़ के पूर्व विधायक सीपू सिंह हत्याकांड के बतौर गवाह थे। महज चार दिन बाद ही इसी मामले में उनकी गवाही होनी थी। ऐसे में इस पूरे मामले को गैंगवार से जोड़कर देखा जा रहा है। अजीत सिंह को बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी का करीबी बताया जा रहा है। मृतक अजीत सिंह मऊ के गोहना मोहम्मदाबाद ब्लाक प्रतिनिधि थे। वहीं गोलीबारी में अजीत का साथी व वहां से गुजर रहे डिलिवारी ब्वाय प्रकाश गोली लगने के कारण जख्मी हुए हैं, उनका उपचार लोहिया अस्पताल में चल रहा है। पुलिस आयुक्त डीके ठाकुर के अनुसार हमलावर अजीत सिंह के परिचित थे। गोली दोनों तरफ से चली है। अजीत के उपर 18 मुकदमें दर्ज थे। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है। वहीं यह पूरा मामला विभूतिखंड के कठौता पुलिस चैकी के समीप कठौता चैराहे के पास का है। काली स्कार्पियो से उतरकर अजीत सिंह अपने साथी मोहर सिंह के साथ अभी कुछ कदम ही चले थे कि दो बदमाश उनके उपर गोलियों की बौछार करना शुरू कर दिए। जवाब में अजीत की ओर से भी फायरिंग की गई। लेकिन सिर में गोली लगने के कारण मौके पर ही अजीत सिंह की मौत हो गई।